नयागांव। अटल सामुदायिक भवन नई आबादी में रविवार को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के द्वारा गुरु पूर्णिमा उत्सव हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। जहां सभी स्वयं सेवकों ने भगवा ध्वज को गुरु मानकर गुरु पूजन किया। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता अनिल कुमार जैन ने गुरु पूर्णिमा उत्सव पर प्रकाश डालते हुए कहा आर्य भूमि पर महर्षि वेद व्यासके अवतरण दिवस को गुरु पूर्णिमा के उत्सव के रूप में मनाने की प्राचीन परंपरा रही है। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ हर साल जिन छह उत्सवों का आयोजन करता है, उनमें गुरु पूजन कई दृष्टियों से महत्त्वपूर्ण है। इस उत्सव में स्वयंसेवक गुरु के रूप में स्थापित परम पवित्र भगवा ध्वज का विधिवत पूजन करते हैं और दक्षिणा स्वरूप यथाशक्ति अपना समर्पण भी करते हैं। स्वयंसेवकों की इसी समर्पण राशि से संघ वर्षपर्यंत राष्ट्रहित के उद्देश्यों के प्रति समर्पण भाव से कार्य करता है। संघ मानता है कि परम पवित्र भगवा ध्वज त्याग एवं समर्पण का प्रतीक है, स्वयं जलते हुए सारे विश्व को प्रकाश देने वाले सूर्य के रंग का प्रतीक है, संपूर्ण जीवों के शाश्वत सुख के लिए समर्पण करने वाले साधु, संत भगवा वस्त्र ही पहनते हैं, इसलिए भगवा रंग त्याग का प्रतीक है।संघ की शाखाओं में इसी ध्वज को लगाया जाता है, इसका ही वंदन होता है और इसी ध्वज को साक्षी मानकर सारे कार्यकर्ता राष्ट्रसेवा, जनसेवा की शपथ लेते हैं। संघ प्रार्थना के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ इस मौके पर मुख्य वक्ता अनिल कुमार जैन, खण्ड कार्यवाह ,सहित सभी स्वयं सेवक उपस्थित रहे।